Computer Fundamentals Questions and Answers in Hindi Part 2

Basic Computer Questions and Answers

शिक्षा में कम्प्यूटर का उपयोग- वर्तमान में शिक्षा प्राप्त करने के लिए बहुत दूर बैठे व्यक्ति के लिए कम्प्यूटर (Computer) एक अध्यापक का कार्य भी कर रहा है। शिक्षा के क्षेत्र में सर्वप्रथम स्किनर ने एक शिक्षण यंत्र बनाया तथा इसके लिए रेखीय अभिक्रमिक अध्ययन हेतु प्रोग्राम बनाये गये।

Basic Computer Questions इसी दृष्टिकोण से देखें तो हम पाते हैं कि आज के कम्प्यूटर स्किनर के शिक्षण यंत्र के समान परिमार्जित तथा परिष्कृत उपकरण हैं जिनका शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक प्रयोग हो रहा है। भाषा शिक्षण में उच्चारण, सुधार, विज्ञान तथा सामाजिक विषय के शिक्षण में कम्प्यूटर (Computer) बड़े ही उपयोगी हैं।

Read Also

Computer Fundamentals Questions and Answers in Hindi Part 1st Click Here

Some Important Computer Fundamentals Questions

प्रश्न 33. सॉफ्टवेयर क्या है? समझाइये।

उत्तर एक सॉफ्टवेयर कम्प्यूटर के छोटे-छोटे प्रोग्रामों का वह समूह होता है जिसके निर्देशानुसार कम्प्यूटर के हार्डवेयर व सम्बन्धित भाग कार्य करते हैं। यह कम्प्यूटर के विभिन्न कार्यों को सम्पन्न करने में अपनी खास भूमिका निभाता है। सॉफ्टवेयर को हार्डवेयर संसाधनों का युटिलाइजेशन भी कहा जाता है। इसमें एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर, सिस्टम सॉफ्टवेयर आदि शामिल होते हैं।

प्रश्न 34. ऑपरेटिंग सिस्टम क्या है?

उत्तरऑपरेटिंग सिस्टम- ऑपरेटिंग सिस्टम को एक्जीक्यूटिव सिस्टम व कन्ट्रोल सिस्टम भी कहते हैं। व्यावहारिक रूप से ऑपरेटिंग सिस्टम को इस प्रकार परिभाषित किया जा सकता है।“एक ऐसा प्रोग्राम जो सी.पी.यू. के कार्यों को संचालित करता है, कम्प्यूटर के इनपुट आउटपुट को नियंत्रित करता है, उच्च स्तरीय भाषा का निम्न स्तरीय भाषा में अनुवाद करता है।

प्रश्न 35. Assembler (असेम्बलर ) क्या है ? समझाइये।

उत्तर– Assembler (असेम्बलर)- यह एक ऐसा भाषा अनुवादक होता है जो असेम्बली भाषा में लिखे प्रोग्राम को मशीनी भाषा में परिवर्तित कर देता है। प्रत्येक कम्प्यूटर आर्किटेक्चर की एक अलग भाषा है। इसके लिए एक एसेम्बलर की आवश्यकता होती है।

प्रश्न 36. इन्टरप्रेटर का उपयोग क्यों किया जाता है?

उत्तरइन्टरप्रेटर (Interpreter)- यह एक प्रोग्राम होता है जो उच्च स्तरीय भाषा में लिखे गये प्रोग्राम के एक-एक निर्देश को बारी-बारी से मशीनी भाषा में परिवर्तित करता है। यह उच्च स्तरीय भाषा के प्रोग्राम को एक साथ मशीनी भाषा में परिवर्तित नहीं करता

प्रश्न 37. विण्डोज एक्सप्लोरर के बारे में बताइये।

उत्तर- Windows Explorer- Windows Explorer खोलने के लिए Start Program Windows Explorer पर click करें। जब आप Windows Explorer के ICON पर क्लिक करेंगे तो आपके सामने Windows Explorer की Windows खुलकर आयगा। इसमें बायाँ ओर drive एवं Folder का नाम प्रदर्शित होता है एवं दायीं ओर File एवं Sub-folder, Sub folder को खोलने के लिए उस पर क्लिक करें।

प्रश्न 38. कंट्रोल पैनल क्या होता है? समझाइये।

उत्तर- कंट्रोल पैनल Start Menu में दिए गए इस Option का प्रयोग करने पर Control Panel window का प्रदर्शन होता है। यह Window हमे windows के configuration में वांछित परिवर्तन करने की सुविधा प्रदान करती है। Control Panel का प्रयोग Computer system को Control करने के लिए किया जाता है। इसमें Data, Mouse, की-बोर्ड, display, Modem, Printer आदि को भी नियंत्रित किया जा सकता है।

प्रश्न 39. सिस्टम सॉफ्टवेयर क्या होता है?

उत्तर- सिस्टम सॉफ्टवेयर एक ऐसा प्रोग्राम है जो कम्प्यूटर के हार्डवेयर का उपयोग करने की सुविधा प्रदान करता है। सिस्टम सॉफ्टवेयर कम्प्यूटर को क्रियान्वित तथा नियंत्रित करता है। सिस्टम सॉफ्टवेयर में विभिन्न प्रोग्राम सम्मिलित होते हैं, जैसे DOS, Windows. UNIX, LINUX, Compiler, Interpreter तथा Assembler आदि।

सिस्टम सॉफ्टवेयर कम्प्यूटर तथा प्रयोक्ता के बीच एक पुल का कार्य करता है। सिस्टम सॉफ्टवेयर को ऑपरेटिंग सिस्टम, कन्ट्रोल प्रोग्राम व एक्जीक्यूटिव सिस्टम भी कहते हैं।

Computer Fundamentals Questions and Answers

प्रश्न 40. एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर क्या है? एप्लिकेशन सॉफ्टवेयर के दो उदाहरण दें।

उत्तर- एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर यह एक ऐसा सॉफ्टवेयर होता है जो व्यक्ति विशेष की आवश्यकता के लिए तैयार किया जाता है। एक निश्चित अनुप्रयोग की क्रियाओं के लिए तैयार किया गया प्रोग्राम ही एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर कहलाता है।

कुछ एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर एक निश्चित समस्या हल करने के लिए तैयार किये जाते हैं। तथा कुछ एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर विशेष समस्या या कई समस्याओं को हल करने के लिए तैयार किये जाते हैं।

एप्लिकेशन सॉफ्टवेयर के दो उदाहरण- 1. Word Processor, 2. Adobe Page Maker.

प्रश्न 41. कम्पाइलर को संक्षिप्त में समझाइये।

उत्तर- कम्पाइलर (Compiler)- यह एक प्रोग्राम होता है जो उच्च स्तरीय भाषाओं में लिखे प्रोग्राम के सभी निर्देशों को एक साथ मशीनी भाषा में परिवर्तित कर देता है। प्रत्येक प्रोग्रामिंग भाषा का अपना एक निश्चित कम्पाइलर होता है। इस प्रकार BASIC भाषा के लिए बेसिक भाषा के कम्पाइलर की आवश्यकता होगी।

प्रश्न 42. मशीनी भाषा कौनसी भाषा होती है?

उत्तर- मशीनी भाषा (Machine Language)- यह मुख्यत: कम्प्यूटर की ही भाषा है। वास्तव में कम्प्यूटर इसी भाषा को समझता है। इस भाषा को कम्प्यूटर का हार्डवेयर सीधे समझ लेता है। कम्प्यूटर केवल दो ही संकेतों को समझता है, 0 तथा 1 (Zero and One)। इसलिए कम्प्यूटर को दिये जाने वाले निर्देश बायनरी संख्या 0, 1 में ही लिखे जाते हैं। 0, 1 में लिखी गई भाषा ही बायनरी भाषा अर्थात् मशीनी भाषा कहलाती है।

प्रश्न 43. मशीनी भाषा के क्या लाभ हैं?

उत्तर- मशीनी भाषा के लाभ- Computer Fundamentals

  1. इस भाषा के उपयोग से कम्प्यूटर तेजी से कार्य करता है।
  2. इस भाषा से कम्प्यूटर के समस्त भागों को निर्देश दिये जा सकते हैं।
  3. इस भाषा में लिखे प्रोग्राम को समझने के लिए किसी अनुवादक की जरूरत नहीं होती।

प्रश्न 44. असेम्बली भाषा के बारे में बताइये।

उत्तरअसेम्बली भाषा मशीनी भाषा की जटिलता को दूर करने के लिए इस असेम्बली भाषा का विकास किया गया। इसमें 0 तथा 1 के स्थान पर अंग्रेजी वर्णमाला के अक्षरों का प्रयोग किया गया। इस भाषा में बायनरी संख्या के स्थान पर कोड एक लेटर्स के रूप में प्रयोग करते हैं। इस भाषा में प्रोग्रामर अपने प्रोग्राम को आसानी से लिख सकता है। इस भाषा में विभिन्न क्रियाओं के शाब्दिक संकेत (निमोनिक कोड) तैयार किये जाते हैं। इसलिए इसे असेम्बली भाषा कहा गया।

प्रश्न 45. असेम्बली भाषा की हानियाँ बताइये।

उत्तर- असेम्बली भाषा की हानियाँ- Computer Fundamentals

  • इस भाषा में प्रोग्राम नीचे रन नहीं होकर असेम्बलर द्वारा मशीनी भाषा में अनुवाद करने के पश्चात् होता है अतः प्रोसेसिंग में ज्यादा समय लगता है।
  • एक्सप्रेशन को छोटे-छोटे टुकड़ों में बांटकर प्रोग्रामिंग करनी पड़ती है।
  • इसमें प्रोग्रामिंग करने के लिए प्रोग्रामर को दक्ष रहने की जरूरत है।
  • यह भाषा भी मशीनी भाषा की तरह मशीन पर निर्भर करती है इसलिए मशीन के परिवर्तन के साथ ही नयी असेम्बली भाषा सीखनी पड़ती है।

प्रश्न 46. चतुर्थ पीढ़ी की भाषाओं के लाभ बताइये।

उत्तर- चतुर्थ पीढ़ी की भाषाओं के लाभ- Computer Fundamentals

  • इन्हें सीखना सरल है तथा इनमें सॉफ्टवेयर का विकास करना आसान है।
  • इनमें टैक्स्टयुअल के साथ-साथ ग्राफिकल इन्टरफेस भी होते हैं।
  • इन भाषाओं में प्रोग्रामरों के लिए विकल्प खुले रहते हैं।
  • इनकी उपलब्धता आसान है।         

प्रश्न 47. चतुर्थ पीढ़ी की भाषाओं की क्या हानियाँ हैं?

उत्तर- चतुर्थ पीढ़ी की भाषाओं की हानियाँ- Computer Fundamentals

  • ये भाषाएँ उच्च कॉन्फीग्युरेशन के कम्प्यूटरों पर ही चल सकती हैं।
  • ये भाषायें सरल होने के कारण इन्हें नौसिखिये भी जल्दी सीख जाते हैं।
  • प्रोग्रामरों का महत्त्व कम हो जाता है।
  • इन भाषाओं की संख्या अधिक होने के कारण इनका चुनाव करने में असमंजस रहता है।

प्रश्न 48. Scan disk पर संक्षिप्त टिप्पणी दीजिये।

उत्तर- Scan disk- यह एक System utility कमाण्ड है। यह कमाण्ड Computer System को Start करने के काम आता है। इस कमाण्ड का उपयोग करने के लिए Start → Programs → Accessories → System Tools → Scan disk पर click करेंगे। system में उपलब्ध सभी तरह के errors को जाँचने के लिए scan disk का उपयोग किया जाता है।

प्रश्न 49. टास्क बार के बारे में बताइये।

उत्तर- Task Bar- विण्डोज के डेस्कटॉप पर नीचे की ओर दी गई पट्टी, जिस पर कुछ बटन्स/आइकन्स प्रदर्शित होते हैं, टास्क बार कहलाती है। टास्क बार पर विण्डोज में चल रहा प्रत्येक प्रोग्राम एक बटन के रूप में प्रदर्शित होता है। हम जैसे ही कोई नया प्रोग्राम चलाते हैं। अथवा किसी चल रहे प्रोग्राम को बन्द करते हैं, तो इन बटन्स की संख्या में स्वतः ही परिवर्तन हो जाता है।

Computer Fundamentals Questions

प्रश्न 50. रीसायकल बिन क्या क्या है? इसका इस्तेमाल क्यों किया जाता है।

उत्तर- रिसाइकिल बिन (Recycle Bin)- रिसाईकिल बिन हमारी हार्डडिस्क में एक सुरक्षित स्थान होता है जहाँ पर मिटाई गई Files तथा Folders कुछ समय तक सुरक्षित रहते हैं। जब हम किसी फाइल अथवा फोल्डर को अपनी हार्डडिस्क में मिटाते हैं। तो यह फाइल अथवा फोल्डर रिसाईकिल बिन में स्थानान्तरित हो जाते हैं। डेस्कटॉप पर रिसाईकिल बिन का आइकन (Icon) होता है जिसे Double click करके ओपन किया जा सकता है।

प्रश्न 51. कैलकुलेटर को ओपन करने के लिए Steps लिखिये।

उत्तर- कैलकुलेटर (Calculator)- गणितीय गणनाएँ करने के लिए calculator का प्रयोग किया जाता है। Windows Operating System में गणनाओं के लिए calculator की सुविधा प्राप्त करने के लिए निम्न प्रक्रिया अपनाते हैं।

Start → Programs → Accessories → Calculator पर click करते हैं, MS Windows में calculator display हो जाता है।

प्रश्न 52. डिस्क क्लीनअप से क्या अभिप्राय है?

उत्तर- Disk Cleanup- इस tool program की सहायता से windows में उपस्थित .bak .tmp वाली फाइलों को डिस्क से हटाया जाता है। इन फाइलों को computer की किसी भी डिस्क से हटाने पर हमें कोई नुकसान नहीं होता क्योंकि ये फाइलें प्रोग्रामों के चलने के समय अपने आप बनती रहती हैं तथा इन्हें Scan Disk option से हटा देने पर हमारे कम्प्यूटर में और अधिक स्थान उपलब्ध हो जाता है।

प्रश्न 53. नोटपैड (Notepad) का उपयोग क्यों किया जाता है?

उत्तर- Notepad Accessories के Notepad द्वारा Text फाइल को बनाया व सम्पादित किया जा सकता है। इन फाइलों पर formatting की जरूरत नहीं होती तथा । इनका आकार भी अत्यन्त छोटा ही होता है। Notepad Text को save व open केवल ASCII (Text only) में करता है। Notepad को चलाने के लिए Start→ Programs → Accessories → Notepad पर mouse click किया जाता है

प्रश्न 54. System Tools (सिस्टम टूल्स) के बारे में बताइये।

उत्तर– System Tools- हमारे कम्प्यूटर सिस्टम में डेस्क टॉप पर Start पर क्लिक कर प्रोग्राम एसेसरीज पर क्लिक कर system tools पर पहुँचा जा सकता है। इस समूह में कम्प्यूटर सिस्टम की महत्त्वपूर्ण जानकारी उपलब्ध होती है। इनका प्रायोग कर हम सिस्टम की खास जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। इसमें प्रमुख प्रोग्राम निम्न हैं।

  • Disk Cleanup
  • Scan Disk
  • Maintenance Wizard
  • Disk Fragmentation
  • System Information
  • Welcome to Wizard

प्रश्न 55. Backup से क्या अभिप्राय है?

उत्तर– Backup- विण्डोज ऑपरेटिंग सिस्टम के इस विकल्प का प्रयोग करके हम हमारी महत्त्वपूर्ण फाइलों तथा खास डाटा का Backup ले सकते हैं। बैकअप लेने की आवश्यकता इसलिए पड़ती है कि कई बार दुर्घटनावश कम्प्यूटर के डाटा खराब या नष्ट हो जाते हैं तो हमारा बड़ा नुकसान हो जाता है। इससे बचने के लिए हमें किसी डिस्क पर डाटा को बचाकर रखना चाहिए, इसे ही Backup कहते हैं।

प्रश्न 56. प्रथम पीढ़ी के बारे में बताइये।

उत्तरप्रथम पीढ़ी (40-50 के दशक में)- मशीनी भाषा को इस प्रथम पीढी की भाषा माना जाता है। इसमें सभी निर्देश व डाटा केवल बायनरी संख्या (0 व 1) में लिखे जाते हैं। यह भाषा काम में लेने में कठिन होती है। इस भाषा में एक कम्प्यूटर मशीन पर लिखा गया प्रोग्राम दूसरी मशीन पर रन नहीं हो सकता। इन प्रोग्रामों के क्रियान्वयन की गति तीव्र होती है क्योंकि यहाँ प्रोग्रामों के क्रियान्वयन से पूर्व उसे किसी अन्य भाषा में अनुवाद करने की आवश्यकता नहीं होती।

प्रश्न 57. द्वितीय पीढ़ी के बारे में बताइये।

उत्तरद्वितीय पीढ़ी ( 50-60 के दशक में)- इस पीढ़ी की भाषा में द्वितीय अर्थात् असेम्बली भाषा को माना जाता है। इस भाषा के प्रोग्रामों को बड़ी आसानी से एल्फान्यूमेरिक संकेतों की सहायता से लिखा जाता है। इस भाषा में काफी अर्थपूर्ण व आसानी से याद रखने योग्य संकेतों का प्रयोग किया गया। जैसे- ADD जोड़ने के लिए, SUB घटाने के लिए, CMP तुलना करने के लिए आदि। इन प्रोग्रामों का आकार भी मशीनी भाषा के प्रोग्रामों से कम होता है। असेम्बली भाषा के प्रोग्रामों को कम संग्रहण क्षमता वाले कम्प्यूटरों पर भी आसानी से चलाया जा सकता है।

प्रश्न 58. तृतीय पीढ़ी के बारे में बताइये।

उत्तरतृतीय पीढ़ी (60-70 के दशक में)- इस पीढ़ी के समय उन भाषाओं का विकास हुआ जिन्होंने मशीनी भाषा व असेम्बली भाषा की कठिनाइयों से छुटकारा पाया। भाषा की मशीन पर निर्भरता को देखते हुए ही तृतीय पीढ़ी में ऐसी भाषाओं का विकास हुआ, जो कम्प्यूटर मशीन की संरचना पर निर्भर नहीं करती थी। इन सभी भाषाओं को उच्च स्तरीय भाषाएँ (High Level Languages) कहा गया।

प्रश्न 59. De-fragmentation की कार्यविधि को बताइये।

उत्तर- De-fragmentation- कभी-कभी Computer system पर कार्य करते हुए जो file save की जाती है तथा कुछ स्पेस खाली (empty) रह जाता है, तो उसे fragmentation कहते हैं। Fragmentation को दूर करने के लिए De-fragmentation किया जाता है। यह कमाण्ड भी Start Programs → Accessories → System Tools → De-fragmentation से उपयोग में लाया जा सकता है।

Leave a Comment

error: Content is protected !!